निःशुल्क कोचिंग से मेधावी विद्यार्थियों के सपनों को साकार कर रहा समग्र शिक्षा: राजेश शर्मा
शिमला : राज्य के सरकारी विद्यालयों के मेधावी विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के रास्ते में आर्थिक बाधाएं नहीं आना चाहिए, इसी नजरिए से लेकर समग्र शिक्षा ने निशुल्क प्रतियोगी परीक्षा कोचिंग की मुहिम शुरू की है। इस पहल से अनेक प्रतिभाशाली छात्र-छात्राएं डॉक्टर और इंजीनियर बनने के अपने सपनों को साकार कर रहे हैं। इसी कड़ी में इस वर्ष सरकारी विद्यालयों के विद्यार्थियों ने शानदार उपलब्धि हासिल कर अपने सपनों को पूरा किया है। हिमाचल प्रदेश के 32 विद्यार्थियों ने वर्ष 2025-26 में JEE Mains परीक्षा उत्तीर्ण की है, जिनमें से 6 विद्यार्थियों ने JEE Advanced में सफलता प्राप्त कर नई मिसाल कायम की है।
राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए सरकारी विद्यालयों के मेधावी विद्यार्थियों को तैयार करने के उद्देश्य से समग्र शिक्षा हिमाचल प्रदेश ने ‘सुपर-100’ नामक महत्वाकांक्षी कार्यक्रम शुरू किया है। कार्यक्रम के अंतर्गत विद्यार्थियों को JEE और NEET जैसी प्रतिष्ठित परीक्षाओं के लिए निःशुल्क एवं गुणवत्तापूर्ण कोचिंग दी जा रही है, जिससे आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों को भी बड़े सपने देखने और उन्हें साकार करने का अवसर मिल रहा है।
राज्यस्तरीय परीक्षा के माध्यम से किया गया कोचिंग के लिए विद्यार्थियों का चयन
समग्र शिक्षा की ओर से दी जाने वाली कोचिंग के लिए विद्यार्थियों का चयन राज्यस्तरीय परीक्षा के माध्यम से किया गया है। सितंबर 2025 में आयोजित चयन परीक्षा में हिमाचल प्रदेश के 850 सरकारी विद्यालयों के विज्ञान संकाय के कुल 5,193 विद्यार्थियों ने भाग लिया, जिनमें से केवल 200 विद्यार्थियों का चयन किया गया। चयनित विद्यार्थियों को लाइव इंटरैक्टिव कक्षाएं, साप्ताहिक एवं मासिक परीक्षण, मुद्रित अध्ययन सामग्री, मेंटरशिप सत्र तथा विशेष क्रैश कोर्स जैसी सुविधाएं पूरी तरह निःशुल्क प्रदान की गईं। इसके अतिरिक्त अक्टूबर 2025 और जनवरी 2026 में दो आवासीय बूटकैंप आयोजित किए गए, जहाँ विद्यार्थियों को अपने शिक्षकों से आमने-सामने मार्गदर्शन प्राप्त करने का अवसर मिला।
JEE Mains उत्तीर्ण करने वाले 32 विद्यार्थियों में 9 छात्राएं भी शामिल
इन समर्पित प्रयासों का प्रत्यक्ष नतीजा है कि इस वर्ष प्रदेश के 32 विद्यार्थियों ने JEE Mains परीक्षा में सफलता प्राप्त की, जिनमें से 6 विद्यार्थियों ने JEE Advanced में भी सफलता हासिल कर एक नई मिसाल कायम की। JEE Mains उत्तीर्ण करने वाले 32 विद्यार्थियों में 23 छात्र और 9 छात्राएं शामिल हैं। जिलेवार परिणामों पर नजर डालें तो मंडी से सर्वाधिक 6 विद्यार्थी सफल हुए। इसके अलावा चंबा और सोलन से 5-5, हमीरपुर और कांगड़ा से 4-4, बिलासपुर और शिमला से 3-3, सिरमौर से 2 तथा कुल्लू और ऊना से 1-1 विद्यार्थी ने सफलता प्राप्त की। समग्र शिक्षा की यह पहल केवल आँकड़ों तक सीमित नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों के जीवन में वास्तविक और सकारात्मक बदलाव ला रही है। आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के वे विद्यार्थी, जिनके लिए निजी कोचिंग संस्थानों की ऊँची फीस बाधा बनती थी, उनके लिए यह कार्यक्रम नई आशा और उज्ज्वल भविष्य का माध्यम बनकर उभरा है।
सरकारी स्कूलों में भरोसे की जीत है बच्चों की यह सफलताः राजेश शर्मा
समग्र शिक्षा निदेशक राजेश शर्मा ने सभी सफल विद्यार्थियों को हार्दिक बधाई दी और कहा कि यह केवल एक परीक्षा में सफलता नहीं, बल्कि उस विश्वास की जीत है जो यह सिद्ध करता है कि सरकारी स्कूलों के विद्यार्थी भी देश के शीर्ष इंजीनियरिंग संस्थानों तक पहुंचने की क्षमता रखते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से IIT और NIT जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में प्रवेश लेकर अपने परिवार, समाज और प्रदेश का नाम रोशन करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सुपर-100 कोई साधारण कोचिंग कार्यक्रम नहीं, बल्कि प्रतिभा और अवसर के बीच की दूरी को पाटने वाला एक सशक्त मंच है।
उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले समय में सुपर-100 कार्यक्रम और अधिक विद्यार्थियों को राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता दिलाकर उनके सपनों को नई उड़ान देगा तथा हिमाचल प्रदेश को शिक्षा के क्षेत्र में नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने में सहायक होगा।
समग्र शिक्षा की राज्य समन्वयक सोनिया शर्मा ने कहा है कि सुपर-100 के अंतर्गत विद्यार्थियों को विषयगत कोचिंग के साथ-साथ अध्ययन सामग्री, नियमित मूल्यांकन तथा मानसिक रूप से परीक्षा के लिए तैयार करने वाले विशेष सत्र भी उपलब्ध करवाए गए। उन्होंने कहा कि वर्ष 2021 से अब तक इस कार्यक्रम के माध्यम से कुल 76 विद्यार्थी JEE परीक्षा में सफलता प्राप्त कर चुके हैं। इस वर्ष JEE Advanced उत्तीर्ण करने वाले विद्यार्थी अब IIT प्रवेश की काउंसलिंग प्रक्रिया में भाग लेंगे, जो प्रदेश के लिए एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि होगी।








